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एक्ट्रेस और सांसद जया बच्चन फिल्म इंडस्ट्री को लेकर सदन में अक्सर अपनी बात रखती आई हैं. एक बार फिर वह इसके पक्ष में बोली हैं. हाल ही में उन्होंने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से उन्होंने इंडस्ट्री पर थोड़ी दया…और पढ़ें
जया बच्चन ने निर्मला सीतारमण से इस मुद्दे पर ‘बहुत गंभीरता से’ विचार करने की बात की है.
हाइलाइट्स
- जया बच्चन का आरोप है कि सिनेमा को निशाना बनाया जा रहा है.
- जया ने राज्यसभा में फिल्म इंडस्ट्री पर रहम की अपील की.
- फिल्म, मनोरंजन इंडस्ट्री की सरकारी उपेक्षा की आलोचना की.
नई दिल्ली. बॉलीवुड की दिग्गज एक्ट्रेस और समाजवादी पार्टी की राज्यसभा सदस्य जया बच्चन अक्सर अपनी तीखी टिप्पणियों को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन जाती हैं. राज्यसभा में भी अपनी बातों को मुखर अंदाज में रखने वालीं जया बच्चन ने केंद्रीय बजट 2025-2026 पर चर्चा के दौरान राज्यसभा में बॉलीवुड को लेकर बात की. उन्होंने आरोप लगाया कि सिनेमा को निशाना बनाया जा रहा है और उन्होंने सरकार से फिल्म इंडस्ट्री पर ‘दया’ रखने की अपील की.
जया बच्चन ने कहा, ‘एक इंडस्ट्री को आपने पूरी तरह से नजरअंदाज कर दिया है और दूसरी सरकारें भी यही काम कर रही थीं. लेकिन आज आप इसे अगले स्तर पर ले गए हैं. आपने फिल्म और मनोरंजन इंजस्ट्री को पूरी तरह से नजरअंदाज कर दिया है क्योंकि आप उनका उपयोग केवल अपने उद्देश्य की पूर्ति के लिए करते हैं.’
एकमात्र इंडस्ट्री है जो पूरी दुनिया को भारत से जोड़ता है
एक्ट्रेस ने कहा ने आगे कहा, ‘आज, जीएसटी को छोड़ दें, सभी सिंगल स्क्रीन (थिएटर) बंद हो रहे हैं. लोग सिनेमा हॉल नहीं जा रहे हैं क्योंकि सब कुछ इतना महंगा हो गया है. शायद आप इंडस्ट्री को पूरी तरह से खत्म करना चाहते हैं. यह एकमात्र इंडस्ट्री है जो पूरी दुनिया को भारत से जोड़ता है.’
कुछ दया करें, इंडस्ट्री को ‘न खत्म’ करें
उन्होंने आगे सरकार से अपील की कि वह इंडस्ट्री को ‘न खत्म’ करें. जया बच्चन ने कहा कि मैं अपने फिल्म इंडस्ट्री की तरफ से बोल रही हूं और ऑडियो-विजुअल इंडस्ट्री की तरफ से इस सदन से अनुरोध कर रही हूं कि कृपया उन्हें छोड़ दें. कृपया उनके लिए कुछ दया करें. आप इस इंडस्ट्री को खत्म करने की कोशिश कर रहे हैं. कृपया ऐसा न करें.. आज आपने सिनेमा को भी निशाना बनाना शुरू कर दिया है.’ उन्होंने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से इस मुद्दे पर ‘बहुत गंभीरता से’ विचार करने की बात की है.
पिछले साल कही थी ये बात
आपको बता दें कि पिछले साल, वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया था कि सिनेमाघरों में खुले तौर पर बेचे जाने वाले पॉपकॉर्न पर रेस्तरां सेवाओं की तरह ही 5 प्रतिशत जीएसटी दर पर कर (टैक्स) लगाया जाएगा. हालांकि, यदि पॉपकॉर्न को मूवी टिकट के साथ बंडल किया जाता है तो इसे एक माना जाएगा. ऐसे मामलों में, लागू कर की दर मुख्य वस्तु पर आधारित होगी, जो कि मूवी टिकट है और इस पर 12 से 18 प्रतिशत का जीएसटी लग सकता है.
Noida,Gautam Buddha Nagar,Uttar Pradesh
February 12, 2025, 11:11 IST
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